अगर आप नए साल में ट्रेन से सफर करने की तैयारी कर रहे हैं और आपकी यात्रा बिहार से जुड़ी है, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है. भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुविधा और परिचालन सुधार के लिए 1 जनवरी से कई यात्री ट्रेनों के समय में बदलाव किया है.

समय नहीं देखा तो स्टेशन पर घंटों इंतजार करना पड़ सकता है. पटना समेत बिहार के कई रेलखंडों पर चलने वाली पैसेंजर, लोकल और मेमू ट्रेनों के टाइम टेबल में बदलाव किया गया है.


रेलवे का कहना है कि इस कदम से ट्रेनों की समयबद्धता सुधरेगी, परिचालन अधिक सुरक्षित होगा और यात्रियों के साथ-साथ कर्मचारियों को भी राहत मिलेगी. रेलवे प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि घर से निकलने से पहले नई समय सारिणी जरूर जांच लें.


रेलवे अधिकारियों के अनुसार, 1 जनवरी से बिहार की कई प्रमुख यात्री ट्रेनों के समय में आंशिक बदलाव किया जा रहा है. इसका उद्देश्य ट्रेनों की आपसी क्रॉसिंग और एक ही खंड पर एक साथ अधिक ट्रेनों के दबाव को कम करना है. जब एक ही सेक्शन पर एक समय में कई ट्रेनें चलती हैं, तो देरी और परिचालन जोखिम बढ़ जाते हैं. नए शेड्यूल से इन समस्याओं को काफी हद तक कम करने की कोशिश की गई है.


रेलवे ने साफ किया है कि समय में बदलाव यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखकर किया गया है. नए टाइम टेबल से ट्रेनों की लेटलतीफी कम होगी, स्टेशन पर अनावश्यक प्रतीक्षा से राहत मिलेगी और सफर अधिक सुचारू होगा. इसके साथ ही कर्मचारियों के लिए भी संचालन आसान होगा, जिससे सुरक्षा मानकों को बेहतर तरीके से लागू किया जा सकेगा. रेलवे का मानना है कि इससे दुर्घटनाओं की आशंका भी कम होगी.
























Be First to Comment