भागलपुर के मोजाहिदपुर थाना क्षेत्र में शनिवार की शाम एक हंसता-खिलखिलाता चेहरा हमेशा के लिए खामोश हो गया. 18 वर्षीय अंश उर्फ तनिष्क कुमार ने अपने घर में फांसी लगाकर जान दे दी.

अंश मेडिकल की पढ़ाई कर रहा था और हाल ही में उसने NEET की परीक्षा दी थी. जब आंसर की आई, तो उसने देखा कि उसके नंबर 16 कम हैं. यही बात उसे अंदर से तोड़ गई.



अंश की पहचान एक मेधावी छात्र के रूप में थी. वह मेडिकल में दाखिले के लिए मेहनत कर रहा था और उसका लक्ष्य एम्स था. लेकिन आंसर की देखने के बाद से वह बेहद चुप रहने लगा था. वह किसी से बात नहीं करता, खुद में सिमटता जा रहा था.



शनिवार शाम अंश घर पर अकेला था. मां और चाचा सब्जी लाने गए थे जब वे लौटे, तो देखा कि कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था. काफी आवाज देने के बावजूद अंदर से कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली. मां ने किसी तरह दरवाजा खोला तो सामने बेटे की लाश फंदे से लटकती हुई मिली.


अंश के पिता अमित रंजन रेलवे में कार्यरत हैं और उनकी पोस्टिंग जमालपुर में है. परिजन उसे लेकर तुरंत मायागंज अस्पताल पहुंचे, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. रात 10 बजे तक शव घर नहीं लाया गया था. घटना के बाद घर और मोहल्ले में मातम पसरा हुआ है.





















Be First to Comment