Press "Enter" to skip to content

“बापू इस जन्म में नहीं बन सका, अगला जन्म लिया तो फौजी जरूर बनूंगा” की आत्मह’त्या

हरियाणा के भिवानी में सेना में भर्ती होने की कोशिश में लगे युवक ने कथित तौर पर आत्मह’त्या कर ली। मिली जानकारी के अनुसार, ओवरऐज या सेना में भर्ती की उम्र निकलने के चलते 23 वर्षीय ने यह कदम उठाया है। इस बात की जानकारी पुलिस ने शुक्रवार को दी है। इधर, दो साल तक सेना में भर्ती कार्यक्रम दो साल तक रोकने को लेकर भारतीय जनता पार्टी के सांसद वरुण गांधी ने भी तीखी प्रतिक्रिया दी है। वहीं, राज्य में विपक्षी दलों ने केंद्र के खि’लाफ नारा’जगी जाहिर की है।

मुंदर पुलिस चौकी के एएसआई ने बताया कि युवक की पहचान पवन के रूप में हुई है। युवक ने अपने गांव तालू में ही खेल के मैदान में फां’सी लगाकर जीवन अं’त कर लिया। खास बात है कि सेना में भर्ती की इच्छा लिए युवक इसी मैदान में कई सालों से तैयारी कर रहा था। दौड़ने वाले ट्रेक पर दो लाइनें लिखी मिली हैं। लिखा है, ‘बापू, इस जन्म में नहीं बन सका, अगला जन्म लिया तो फौजी जरूर बनूंगा।’

ख़बरों के मुताबिक, ‘पवन सेना में शामिल होना चाहता था। वह कोशिशें कर रहा था। वह दौड़ने के लिए दूसरे युवाओं से पहले ही मैदान में पहुंच जाता था। दो-तीन बार उसने फिजिकल फिटनेस एग्जाम भी पास कर लिया था, लेकिन अंत तक नहीं जा पाया। उसे उम्मीद थी कि बचे हुए प्रयासों में अंतिम दौर भी पास कर लेगा, लेकिन कोविड-19 महामारी के चलते भर्ती प्रक्रिया रुकी हुई थी। इसके चलते उसकी उम्र निकल गई।’

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने राज्यसभा को बताया था कि कोविड-19 महामारी के चलते बीते दो साल से सेना में भर्ती की प्रक्रिया रुकी हुई है। रक्षा राज्य मंत्री अजय भट्ट ने राज्यसभा को जवाब दिा था कि 2020-21 में 97 भर्ती रैलियों की योजना तैयार की गई थी और इनमें से केवल 47 ही आयोजित हुईं। कोविड के चलते प्रक्रिया रुकने से पहले 47 रैलियों में से 4 के लिए ही कॉमन एंट्रेंस एग्जाम (CEE) आयोजित हो सके थे।

Share This Article

Be First to Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *