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खुली सीमा की रखवाली में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे जवान

पूर्णिया. क्षेत्रक मुख्यालय सशस्त्र सीमा बल के उपमहानिरीक्षक राजेश टिक्कू के निर्देशन में 23 वां स्थापना दिवस धूम-धाम से मनाया गया. सर्वप्रथम उप-महानिरीक्षक को गार्ड ऑफ ऑनर से सम्मानित किया गया. इसके बाद उपमहानिरीक्षक द्वारा उपस्थित सभी बलकर्मियों एवं संदिक्षा सदस्यों और बच्चों को स्थापना दिवस की बधाई दी गई.

उप महानिरीक्षक ने बताया कि कारगिल युद्ध के बाद वन बॉडर वन फोर्स की भारत सरकार की नीति के तहत जनवरी 2001 में सशस्त्र सीमा बल, गृह मंत्रालय के अन्तर्गत स्थानांतरित हुई. जून 2001 में सशस्त्र सीमा बल को भारतीय-नेपाल सीमा के लिए लीड इंटेलीजेंस एजेंसी (एलआईए) घोषित कर, 1751 किलोमीटर लम्बी भारतीय-नेपाल सीमा पर तैनात किया गया.

इसी परिप्रेक्ष्य में भूतपूर्व कार्यालय उपमहानिरीक्षक, कोहिमा (मणिपुर एवं नागालैंड डिवीजन) को पूर्णिया में 31 दिसम्बर, 2002 को स्थानांतरित किया गया. क्षेत्रक मुख्यालय पूर्णिया के रूप में दिनांक 4 जनवरी 2003 को कोशी कॉलोनी, जनता चौक, पूर्णिया से कामकाज शुरू किया गया. 01 जुलाई 2008 को पुनः स्थानांतरित किया गया जो वर्तमान में डीआरडीए बिल्डिंग से कार्यरत है.

उन्होंने कहा कि क्षेत्रक मुख्यालय पूर्णिया का क्षेत्राधिकार भारत-नेपाल सीमा पर लगभग 231 किलोमीटर में फैला हुआ है, इसके अन्तर्गत 04 वाहिनिया 18, 45, 52 और 56 बीएन है.

इनका मुख्यालय राजनगर, बीरपुर, अररिया तथा बथनाहा में स्थित है. हमारे क्षेत्रक मुख्यालय तथा वाहिनियों के कर्मी अपने आदर्श वाक्य ””सेवा, सुरक्षा एवं बधुत्व को सामने रखते हुए भारत-नेपाल सीमा पर चुनौतीपूर्ण कार्य सम्भाल रहे है.

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