Press "Enter" to skip to content

रोजगार की ‘गंगा’ बहाएगी गंगा मइया, कोसी-सीमांचल और पूर्वी बिहार के लिए खुलेंगे कमाई के रास्ते

भागलपुर से गुजरने वाली गंगा मइया रोजगार की ‘गंगा’ बहाएंगी। कमाई के रास्ते खोलेंगी। बिहार के भागलपुर से गुजरने वाली गंगा नदी का निकट भविष्य में व्यावसायिक उपयोग होने लगेगा। भागलपुर होकर बहने वाली गंगा राष्ट्रीय जलमार्ग-1 में शामिल है। इसलिए जिले का सुल्तानगंज से कहलगांव तक का क्षेत्र राष्ट्रीय जलमार्ग-1 कहलाता है। इसी जलमार्ग के रास्ते माल ढोने के लिए कार्गो (मालवाहक जहाज) और यात्रियों के लिए क्रूज चलेगा। इसके लिए केंद्र सरकार ने तैयारी पूरी कर ली है। केंद्रीय पत्तन,पोत परिवहन और जलमार्ग मंत्रालय ने ट्रायल के तौर पर एक बार कार्गो और एक बार क्रूज चलाकर जल परिवहन की संभावना को पुख्ता कर दिया है।

 

जल परिवहन सेवा शुरू होने के बाद न सिर्फ भागलपुर बल्कि कोसी-सीमांचल और पूर्वी बिहार के अन्य जिलों के लिए भी कमाई के रास्ते खुल जाएंगे। सड़क और रेल के अलावा माल ढुलाई तीसरा विकल्प कार्गो का बन जाएगा। चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष श्रवण बाजोरिया कहते हैं, बेशक कार्गो से माल ढ़ुलाई काफी सस्ती पड़ेगी। अभी बांग्लादेश तक बिहारी प्रोडक्ट पहुंचाने के लिए कोई सस्ता साधन नहीं है। एयर कार्गो से माल ढुलाई काफी खर्चीली होती है। जिससे बिहारी उत्पाद को बांग्लादेश का बाजार नहीं मिल पाता है। ऐसे में व्यापारियों के लिए यह राम बाण होगा। लेकिन इसके सफल होने की उम्मीद काफी कम है।

 

इस बाबत बीएसटीडीसीएल के ट्रेवल एंड ट्रेड मैनेजर सुमन कुमार ने बताया कि जिले में चार जगहों पर कार्गो व क्रूज के ठहराव के लिए आरओ-आरओ जेट्टी बनाया जाना है। अभी सिर्फ सुल्तानगंज में जहाजघाट के पास जमीन मिली है। पानी उतरने के बाद यहां काम शुरू होगा। भागलपुर, बटेश्वर स्थान और कहलगांव में जमीन की मांग की गई है।

 

Share This Article

Be First to Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *