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बिहार के इस जिले में ठप पड़ी नल-जल योजना, बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे ग्रामीण

जमुई: बिहार के जमुई जिले में नल जल योजना को लेकर लोगों ने नाराजगी जाहिर की. दरअसल, चकाई प्रखंड के नोआडीह पंचायत के वार्ड संख्या 13 अंतर्गत फतेहपुर गांव में नल जल योजना तीन साल पहले शुरू हुई थी. ग्रामीणों का कहना है कि अभी तक पानी नहीं आया है।

हर घर नल योजना में लगा पलीता, बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रहे ग्रामीण | Har  Ghar Nal Yojana got blown up villagers yearning for water drop by drop -  News Nation

 

लोगों का कहना है कि आग उगल रही गर्मी के बीच पानी की किल्लत ने ग्रामीणों की परेशानी बढ़ा दी है. ग्रामीणों ने बताया कि 40 घरों के इस गांव की आबादी 400 के करीब है. यहां के लोगों को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के लिए तीन वर्ष पूर्व गांव में लाखों की लागत से नल जल योजना का निर्माण कराया गया. इसके लिए बोरिंग के साथ टंकी भी लगाई गई। घरों तक पाइप बिछाकर नल भी लगाया गया था. योजना तैयार होने के बाद इसका ट्रॉयल भी किया गया था, लेकिन उसके बाद से यह योजना बंद पड़ी हुई है। इतने वर्षों में नल से पानी तो नहीं आया बल्कि अब पाइप भी टूट चुका है। कुआं के सहारे किसी तरह पानी की जरूरत पूरी करने को विवश हैं. जनप्रतिनिधि से लेकर पदाधिकारी तक बनने के बाद किसी ने इस योजना की सुध नहीं ली।

 

वहीं चकाई प्रखंड के पीएचडी विभाग के पदाधिकारी ने बताया कि फतेहपुर गांव में नल-जल योजना बंद रहने की जानकारी नहीं थी. अब जानकारी मिली है तो दो दिनों के अंदर योजना को चालू कर लोगों को उसका लाभ दिलाया जाएगा। बता दें कि मुख्यमंत्री सात निश्चय योजनातर्गत 2016 में हर घर में नल का जल योजना की शुरुआत की थी।  हालांकि, अधिकारियों की लापरवाही के बाद भी लोगों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है।

 

 

इससे पहले भी जमुई के लोग इस योजना को लेकर प्रदर्शन करते रहे हैं. इससे पहले कटौना पंचायत के वार्ड नं- 4 महादलित टोला गादी कटौना की दर्जनों महिलाओं ने प्रदर्शन किया था. वहीं डढवा पंचायत अंतर्गत रायचोर गांव के वार्ड नंबर पांच में तो संवेदक ने एक साल पूर्व बोरिग करा कर छोड़ दिया. फिर झांकने तक नहीं आया. वर्तमान में स्थिति यह है कि न तो पाइप बिछाया गया है और न ही किसी घर में नल लगाया गया हैं।

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